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नई दिल्‍ली. सबसे खौफनाम मर्डर केस में नए खुलासे हो रहे हैं. दिल्‍ली के श्रद्धा मर्डर केस में नई जानकारी श्रद्धा के दोस्‍तों से मिली है. दोस्‍तों का दावा है कि आफताब ने श्रद्धा की जिंदगी नर्क बना दी थी और श्रद्धा, आफताब को छोड़ देना चाहती थी लेकिन ऐसा नहीं हो सका. इस हत्‍याकांड के आरोपी आफताब अमीन पूनावाला पर आरोप है कि उसने अपनी लिव इन गर्लफ्रेंड श्रद्धा वाकर की हत्या करने के बाद शव के 35 टुकड़े किए और इन टुकड़ों को फ्रिज में रखा. आरोपी आफताब ने 20 दिनों तक शव के टुकड़ों को दिल्‍ली के अलग-अलग जगहों पर ठिकाने लगाया.

श्रद्धा के दोस्‍त लक्ष्‍मण नादर ने बताया है कि श्रद्धा मुसीबत में थी और वह आफताब से अलग होना चाहती थी. लक्ष्‍मण को दिल्‍ली पुलिस ने पूछताछ के लिए बुलाया है. लक्ष्‍मण ने बताया कि श्रद्धा की हालत देखने के बाद उसके परिवार को जानकारी दी थी. श्रद्धा के पिता ने लक्ष्‍मण को बताया था कि बेटी से बीते 3 महीनों से संपर्क नहीं हो पा रहा था. श्रद्धा का परिवार लगातार कोशिश कर रहा था कि उसे अपनी बेटी की जानकारी मिले, इसके लिए सोशल मीडिया भी तलाशा गया और जब 2 महीनों तक जानकारी नहीं मिली तो परिवार ने मुंबई पुलिस में दर्ज कराने की ठान ली. इसी शिकायत को दिल्‍ली ट्रांसफर किया गया है.

श्रद्धा और आफताब के घर वालों को नामंजूर था रिश्‍ता     

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समाचार एजेंसी एएनआई और मीडिया रिपोर्ट की माने तो लक्ष्‍मण नादर और श्रद्धा एक-दूसरे को जानते थे और उन्‍होंने 2019 में एक कॉल सेंटर में काम भी किया था. उसी साल श्रद्धा की मुलाकात आफताब से हुई. इसके बाद श्रद्धा और आफताब ने एक फिटनेस उपकरण और कपड़े बेचने वाले स्‍टोर में जॉब किया. लक्ष्‍मण नादर ने बताया कि श्रद्धा और आफताब के परिवार वालों को यह रिश्‍ता मंजूर नहीं था. इसके बावजूद आफताब और श्रद्धा दो साल तक नयागांव ईस्‍ट में एक मकान किराए पर लेकर रहे. लक्ष्‍मण नादर ने दावा किया है कि दंपति के बीच अक्सर बहस और झगड़े होते थे.

लक्ष्‍मण मुझे बचाओ, आफताब मुझे मार डालेगा, श्रद्धा ने किया था ऐसा मैसेज 
2020 में भी ऐसी ही एक घटना के बाद, श्रद्धा के दोस्तों ने आफताब को लेकर पुलिस में रिपोर्ट करने से रोक दिया. लक्ष्‍मण नादर ने बताया कि ‘एक दिन श्रद्धा का व्हाट्सएप मैसेज आया, जिसमें उसने कहा था कि आफताब उसे मार डालेगा, उसे तुरंत उसके घर से बाहर निकाल लें. इसके बाद खुद श्रद्धा ने ही हमें पुलिस में शिकायत करने से रोक दिया. लक्ष्‍मण ने कहा कि हमने श्रद्धा का सम्‍मान करते हुए उसकी बात मान ली और हम लोग वापस लौट आए थे.

आफताब उसे पीटता था, श्रद्धा उससे अलग होना चाहती थी

समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए, श्रद्धा के एक अन्‍य दोस्‍त रजत शुक्‍ला ने कहा कि शुरू में वे दोनों खुशी-खुशी रहते थे लेकिन कुछ समय बाद श्रद्धा कहने लगी थी कि आफताब उसे पीटता है. वह छोड़ना चाहती थी, लेकिन वह ऐसा कर नहीं पाई. रजत ने कहा कि श्रद्धा की हत्‍या की खबर से मैं बुरी तरह अंदर तक हिल गया हूं. श्रद्धा ने 2019 में हमें बताया था कि वह 2018 से आफताब के साथ है. आफताब के कारण श्रद्धा का जीवन नर्क बन गया था. रजत ने बताया कि आफताब और श्रद्धा दिल्‍ली चले गए तो उनसे संपर्क लगभग बंद हो गया था.

मई में हुई थी बात, जब जुलाई और अगस्‍त में फोन नहीं लगा तो हुई चिंता

लक्ष्‍मण नादर ने बताया कि आखिरी बार श्रद्धा से मई में बात हुई थी. लेकिन जुलाई और अगस्‍त में जब श्रद्धा से संपर्क करने की कोशिश की गई तो न तो उसने कॉल वापस लगाया और न ही मैसेजों का कोई जवाब दिया. इसके कारण चिंता बढ़ गई थी. इस पर उन्‍होंने श्रद्धा के परिवार को भी जानकारी दी और श्रद्धा के पिता ने भी बताया कि बीते 2-3 महीनों से श्रद्धा से बात नहीं हुई है. इस पर परिवार ने पुलिस में शिकायत की और यह शिकायत दिल्‍ली पुलिस को भी भेजी गई.

आफताब ने पुलिस को बताया पूरा सच

श्रद्धा की हत्‍या के आरोपी आफताब ने बताया कि दिल्‍ली आने के बाद छतरपुर में दो बेडरूम का अपार्टमेंट किराए पर लिया था. यहां 18 मई को आफताब और श्रद्धा के बीच झगड़ा हुआ जिसमें आफताब ने उसका गला घोंटकर हत्‍या कर दी. आफताब ने कहा कि श्रद्धा शादी के लिए दबाव बना रही थी. इसके कारण कुछ दिनों से ही दोनों में झगड़े हो रहे थे.

(एएनआई इनपुट के साथ) 

Tags: Delhi police, Murder case

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