लाइव
टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।
भारत

एआई नहीं बनेगा हत्यारा, खतरा उसके गलत इस्तेमाल से

19/9/2026, 10:57:19 pm
एआई नहीं बनेगा हत्यारा, खतरा उसके गलत इस्तेमाल से
Original publisher image
कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) को लेकर अक्सर डर फैलाया जाता है कि यह खुद इंसानों को मार डालेगा या बैंक खातों को खुद ही हैक कर लेगा। मगर विशेषज्ञों का साफ कहना है कि एआई अपने आप कोई फैसला नहीं लेता। खतरा तब पैदा होता है जब इंसान इसका गलत इस्तेमाल करता है। हाल के महीनों में कई बड़े बैंकों की सुरक्षा प्रणालियों को तोड़ने के लिए हैकर्स ने एआई आधारित टूल्स का प्रयोग किया। ये टूल्स खुद हमला नहीं करते, बल्कि हैकर्स उन्हें निर्देश देकर हमला करवाते हैं। भारतीय रिजर्व बैंक ने भी ऐसी घटनाओं पर चिंता जताते हुए बैंकों को एआई‑आधारित खतरा पहचान सिस्टम लगाने का निर्देश दिया है। इसी तरह डीपफेक वीडियो बनाने के लिए भी एआई मॉडल का दुरुपयोग हो रहा है। किसी का चेहरा बदलकर झूठा बयान जारी करना अब आसान हो गया है। चुनावी मौसम में ऐसे वीडियो वायरल होकर मतदाताओं को भ्रमित कर चुके हैं। साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ राहुल शर्मा बताते हैं कि एआई केवल एक औजार है। जैसे चाकू से सब्जी काटी जा सकती है और वही चाकू किसी को चोट भी पहुंचा सकता है, वैसे ही एआई का उपयोग अच्छे या बुरे काम के लिए किया जा सकता है। इसलिए जरूरी है कि तकनीक के विकास के साथ कड़े नियम और निगरानी तंत्र बनाए जाएं। सरकार ने हाल ही में एआई नीति का मसौदा जारी किया है जिसमें जवाबदेही, पारदर्शिता और डेटा सुरक्षा पर जोर दिया गया है। उद्योग जगत भी स्व‑नियमन के लिए आगे आ रहा है और कई बड़ी टेक कंपनियों ने एआई ऑडिट टीम गठित की हैं। आम नागरिक को भी सतर्क रहना होगा: अनजान लिंक न खोलें, दोहरी प्रमाणीकरण का इस्तेमाल करें और संदिग्ध वीडियो की पुष्टि करें। बैंकिंग ऐप में बायोमेट्रिक लॉक लगाना और नियमित पासवर्ड बदलना भी जरूरी है। निष्कर्ष यह है कि एआई खुद हत्यारा नहीं बनेगा। असली खतरा उसके गलत हाथों में जाने से है। तकनीक को समझें, नियमों का पालन करें और सावधान रहें। समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत
समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत

संबंधित