लाइव
टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।
bihar

बिहार में एक करोड़ महिलाओं को रोजगार से जोड़ने की योजना का ऐलान

20/9/2026, 12:02:37 am
बिहार में एक करोड़ महिलाओं को रोजगार से जोड़ने की योजना का ऐलान
बिहार सरकार ने एक बड़ी योजना का ऐलान किया है जिसके तहत एक करोड़ महिलाओं को रोजगार से जोड़ा जाएगा। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को पटना में एक कार्यक्रम में यह घोषणा की। उन्होंने कहा कि यह योजना ग्रामीण इलाकों की महिलाओं को स्वरोजगार और कौशल प्रशिक्षण देकर उनकी आय बढ़ाएगी। सरकार इसके लिए स्वयं सहायता समूहों, लघु उद्योगों और कृषि आधारित परियोजनाओं को प्रोत्साहन देगी। योजना के तहत महिलाओं को बैंक ऋण, बाजार पहुंच और तकनीकी सहायता मुहैया कराई जाएगी। प्रशिक्षण केंद्रों में सिलाई, खाद्य प्रसंस्करण, हस्तशिल्प और डिजिटल कौशल जैसे पाठ्यक्रम चलाए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने बताया कि पहले चरण में 25 लाख महिलाओं को जोड़ा जाएगा और अगले तीन वर्षों में लक्ष्य एक करोड़ तक पहुंचेगा। इसके लिए राज्य बजट में 5,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। योजना को लागू करने के लिए हर जिले में एक निगरानी समिति बनेगी जिसमें महिला प्रतिनिधि, बैंक अधिकारी और एनजीओ सदस्य शामिल होंगे। यह समिति लाभार्थियों का चयन, प्रशिक्षण की गुणवत्ता और ऋण वितरण की निगरानी करेगी। सरकार ने निजी क्षेत्र से भी भागीदारी मांगी है। कई बड़ी कंपनियों ने अपने कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (CSR) फंड से प्रशिक्षण केंद्र खोलने का वादा किया है। इससे महिलाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। विपक्षी दलों ने इस घोषणा को चुनावी वादा बताते हुए सवाल उठाए हैं कि पिछली योजनाओं का लाभ कितनी महिलाओं तक पहुंचा। हालांकि, महिला संगठनों ने इस पहल का स्वागत किया है और इसे महिला सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम माना है। सरकार का दावा है कि योजना की निगरानी के लिए एक डेडिकेटेड पोर्टल बनाया जाएगा, जहां लाभार्थियों की प्रगति वास्तविक समय देखी जा सकेगी। इससे पारदर्शिता बनी रहेगी और भ्रष्टाचार की गुंजाइश कम होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि योजना सही तरीके से लागू हुई तो बिहार की ग्रामीण अर्थव्यवस्था में बड़ा बदलाव आ सकता है। महिलाओं की आय बढ़ने से परिवार की पोषण स्थिति और बच्चों की शिक्षा पर भी सकारात्मक असर पड़ेगा। योजना के तहत महिलाओं को ब्याज मुक्त ऋण भी दिया जाएगा, जिसे वे अपने व्यवसाय को विस्तार देने में लगा सकेंगी। बैंकों को निर्देश दिया गया है कि वे ऋण प्रक्रिया को सरल बनाएं और दस्तावेज़ीकरण में तेज़ी लाएं। सरकार ने अगले छह महीनों में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में पांच जिलों में योजना शुरू करने का फैसला किया है। सफलता के आधार पर इसे पूरे राज्य में विस्तारित किया जाएगा। समाचार स्रोत: Google News — Bihar (Hindi)
समाचार स्रोत: Google News — Bihar (Hindi)

संबंधित