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एफसीआरए: दस साल में पंजीकृत एनजीओ आधे, विदेशी चंदा दोगुना, एक संस्था को 500 करोड़

18/9/2026, 4:55:56 am
एफसीआरए: दस साल में पंजीकृत एनजीओ आधे, विदेशी चंदा दोगुना, एक संस्था को 500 करोड़
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एफसीआरए के तहत पंजीकृत गैर‑सरकारी संगठनों की संख्या पिछले दस वर्षों में आधी रह गई है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार 2014 में 33,000 से अधिक एनजीओ पंजीकृत थे, जबकि 2024 में यह संख्या 16,000 के आसपास सिमट गई। इसके बावजूद विदेशी अंशदान में लगातार वृद्धि दर्ज की गई है। 2023‑24 में विदेशी चंदा 28,000 करोड़ रुपये को पार कर गया, जो 2014 के मुकाबले लगभग दोगुना है। सबसे बड़ा लाभ एक ही संगठन को मिला है। दिल्ली स्थित “सेवा भारती” को पिछले वित्त वर्ष में 500 करोड़ रुपये का विदेशी चंदा प्राप्त हुआ। यह राशि किसी एक एनजीओ को मिलने वाली अब तक की सबसे बड़ी एकल किस्त है। गृह मंत्रालय ने कहा कि पंजीकरण की सख्ती और नियमों के पालन में ढील न देने के कारण संख्या घटी है। मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कई संगठन नियमों का उल्लंघन करते पाए गए, इसलिए उनके पंजीकरण रद्द किए गए। विपक्षी दलों ने इसे “सामाजिक कार्यकर्ताओं की आवाज़ दबाने” की कोशिश बताया। कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि सरकार एनजीओ को नियंत्रित करने के लिए कानून का दुरुपयोग कर रही है। विशेषज्ञ मानते हैं कि पारदर्शिता बढ़ाने के साथ‑साथ वास्तविक सामाजिक कार्यों को बाधित नहीं किया जाना चाहिए। वे सुझाव देते हैं कि नियमों को सरल बनाया जाए ताकि ईमानदार संगठन आसानी से काम कर सकें। समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत
समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत

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