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गुजरात में कबाड़ी कारोबारी समेत चार की मौत; झारखंड में पुलिस कार्रवाई पर सवाल

23/8/2026, 2:39:14 am
गुजरात में कबाड़ी कारोबारी समेत चार की मौत; झारखंड में पुलिस कार्रवाई पर सवाल
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गुजरात के अहमदाबाद जिले में शुक्रवार शाम एक कबाड़ी कारोबारी के गोदाम में लगी आग से चार लोगों की मौत हो गई। मृतकों में कारोबारी राजेश पटेल, उनके दो कर्मचारी और एक सुरक्षा गार्ड शामिल हैं। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और दमकल की टीमें मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया। प्रारंभिक जांच में पता चला कि गोदाम में प्लास्टिक, रबर और कुछ रासायनिक पदार्थ रखे गए थे, जिसकी वजह से आग तेजी से फैली। दमकल कर्मियों को आग बुझाने में लगभग दो घंटे लगे। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और फोरेंसिक टीम को साक्ष्य जुटाने के लिए बुलाया गया है। मृतकों के परिजनों को मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से आर्थिक सहायता की घोषणा की गई है। उधर झारखंड की राजधानी रांची में पिछले सप्ताह एक जनआंदोलन के दौरान पुलिस ने लाठी चार्ज किया, जिसमें दर्जनों प्रदर्शनकारी घायल हुए। विपक्षी दलों ने इसे पुलिस की ज्यादती बताया और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से स्पष्टीकरण मांगा है। राज्य मानवाधिकार आयोग ने भी घटना का स्वत: संज्ञान लिया है और जांच रिपोर्ट तलब की है। मुख्यमंत्री ने बयान जारी कर कहा कि पुलिस ने कानून के दायरे में कार्रवाई की, लेकिन किसी भी अत्याचार की जांच के लिए एक स्वतंत्र समिति गठित की जाएगी। उन्होंने पीड़ितों को मुआवजा देने का भी आश्वासन दिया। विपक्ष ने इस बयान को अपर्याप्त बताया और विधानसभा में चर्चा की मांग की। दोनों घटनाओं ने प्रशासनिक जवाबदेही और नागरिक सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। सामाजिक संगठन और नागरिक अधिकार कार्यकर्ता मांग कर रहे हैं कि दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई हो और भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकने के लिए स्पष्ट दिशानिर्देश जारी किए जाएं। गुजरात सरकार ने घटना की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं और संबंधित विभागों से रिपोर्ट मांगी है। उद्योग मंत्री ने कहा कि गोदामों में सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य किया जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना लगाया जाएगा। झारखंड में विपक्षी नेता बाबूलाल मरांडी ने पुलिस की कार्रवाई को 'अनुचित' बताया और कहा कि सरकार को जनता का विश्वास जीतने के लिए पारदर्शी जांच सुनिश्चित करनी चाहिए। उन्होंने यह भी मांग की कि घायलों के इलाज का खर्च सरकार वहन करे। समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत
समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत

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