लाइव
टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।
bihar

केसरिया स्तूप: 104 फीट ऊंचा बौद्ध स्मारक, 28 साल बाद भी अधूरा रहस्य

16/8/2026, 8:48:00 am
केसरिया स्तूप: 104 फीट ऊंचा बौद्ध स्मारक, 28 साल बाद भी अधूरा रहस्य
बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में स्थित केसरिया स्तूप अपनी ऊंचाई और रहस्य के लिए जाना जाता है। 104 फीट ऊंचा यह बौद्ध स्तूप 1995 में पुरातत्व विभाग ने खोदना शुरू किया था। 28 साल बीत जाने के बाद भी इसकी पूरी संरचना सामने नहीं आई है। जमीन के नीचे कई कक्ष और मूर्तियाँ छिपी हो सकती हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि स्तूप का निर्माण मौर्य काल में हुआ था। बाद में गुप्त काल में इसका विस्तार किया गया। खुदाई के दौरान मिली टेराकोटा की मूर्तियाँ और स्तंभ इस बात की गवाही देते हैं। अभी तक केवल ऊपरी हिस्सा ही खुला है। नीचे के तल अब भी मिट्टी और पत्थर से ढके हैं। पुरातत्व सर्वेक्षण ने हाल ही में जीपीआर तकनीक का इस्तेमाल किया। इससे पता चला कि नीचे कई गुप्त कक्ष हैं। परन्तु धन की कमी और तकनीकी दिक्कतों के कारण खुदाई रुकी हुई है। स्थानीय लोग स्तूप को पवित्र मानते हैं और यहां पूजा करते हैं। पर्यटन विभाग इसे विश्व धरोहर सूची में शामिल कराने का प्रयास कर रहा है। अगर पूरी खुदाई हो जाए तो बौद्ध इतिहास के नए पन्ने खुल सकते हैं। विशेषज्ञों ने सरकार से आग्रह किया है कि फंड और विशेषज्ञ टीम बढ़ाई जाए। तब तक केसरिया स्तूप का रहस्य जमीन के नीचे ही छिपा रहेगा। समाचार स्रोत: Google News — Bihar (Hindi)
समाचार स्रोत: Google News — Bihar (Hindi)

संबंधित