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एफ़िल टावर के पास स्वामीनारायण मंदिर में महिलाओं पर पाबंदी, विवाद गहराया

10/9/2026, 8:59:15 am
एफ़िल टावर के पास स्वामीनारायण मंदिर में महिलाओं पर पाबंदी, विवाद गहराया
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पेरिस के एफ़िल टावर के पास बने स्वामीनारायण मंदिर ने महिलाओं को मुख्य गर्भगृह में जाने से रोक दिया है और इस फैसले ने फिर से बहस छेड़ दी है। मंदिर प्रबंधन का कहना है कि परंपरा के अनुसार पुरुष और महिला भक्तों को अलग‑अलग रखा जाता है ताकि पूजा और ध्यान में कोई बाधा न आए। प्रवक्ता ने बताया कि महिलाओं को अलग कक्ष में बैठने की अनुमति है लेकिन गर्भगृह में प्रवेश नहीं दिया जाता। कई सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इस नियम को भेदभावपूर्ण बताया है और कहा है कि संविधान हर नागरिक को समान अधिकार देता है। फ्रांस के कानून में धर्मस्थलों पर लिंग के आधार पर रोक लगाना गैरकानूनी है फिर भी मंदिर अपने नियमों पर अडिग है। पिछले साल सबरीमाला मामले में सुप्रीम कोर्ट ने महिलाओं के प्रवेश को मंजूरी दी थी जिससे भारत में भी इसी तरह की परंपराओं पर सवाल उठे। स्थानीय हिंदू संगठनों ने इसका विरोध किया और फ्रांस सरकार से हस्तक्षेप की मांग की है। कुछ विद्वानों का मानना है कि धार्मिक स्वतंत्रता और लैंगिक समानता के बीच संतुलन खोजना जरूरी है। मामला अदालत में जाने की संभावना है जिससे दोनों पक्षों को अपनी दलीलें पेश करने का मौका मिलेगा। मंदिर के द्वार पर लगे नोटिस में लिखा है महिलाएं कृपया अलग क्षेत्र में रहें। फ्रांसीसी अधिकारियों ने अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है लेकिन नगर निगम ने कहा है कि वह मामले की जांच करेगा। भारतीय दूतावास ने भी इस मुद्दे पर नजर रखने की बात कही है। सोशल मीडिया पर हजारों लोग इस फैसले के पक्ष और विपक्ष में टिप्पणी कर रहे हैं। कुछ भक्तों का कहना है कि परंपरा का पालन करना उनकी आस्था का हिस्सा है। दूसरी ओर महिला अधिकार संगठनों ने इसे लिंग आधारित भेदभाव बताया है। समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया
समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया

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