लाइव
टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।
भारत

ट्रंप के रूस प्रतिबंध कानून से भारत पर 100% टैरिफ का खतरा

19/9/2026, 11:56:20 pm
ट्रंप के रूस प्रतिबंध कानून से भारत पर 100% टैरिफ का खतरा
Original publisher image
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस पर नए प्रतिबंधों वाले कानून पर दस्तखत कर दिए हैं। इस कदम से भारत पर 100 फीसदी टैरिफ लगने का रास्ता खुल गया है। दरअसल, यह कानून CAATSA के तहत उन देशों पर कार्रवाई की इजाजत देता है जो रूस से बड़ा रक्षा सौदा करते हैं। भारत ने रूस से S-400 मिसाइल सिस्टम खरीदा है। इसी वजह से अमेरिका की नजर भारत पर टेढ़ी है। ट्रंप ने कानून पर दस्तखत करने के बाद कहा कि चीन के साथ हमारे रिश्ते बहुत अच्छे हैं। उन्होंने व्यापार मोर्चे पर चीन को राहत के संकेत दिए। लेकिन भारत के मामले में रुख सख्त दिख रहा है। व्हाइट हाउस के सूत्रों के मुताबिक प्रशासन भारत पर लगने वाले प्रतिबंधों की समीक्षा कर रहा है। जल्द ही कोई फैसला आ सकता है। भारत ने इस पर सधी हुई प्रतिक्रिया दी है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि भारत की विदेश नीति स्वतंत्र है। हम अपने राष्ट्रीय हित के हिसाब से फैसले लेते हैं। रूस के साथ रक्षा सहयोग दशकों पुराना है। S-400 सौदा हमारी सुरक्षा जरूरतों के लिए अहम है। भारत किसी दबाव में नहीं आएगा। जानकार मानते हैं कि अमेरिका भारत को छूट दे सकता है। दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी गहरी हो रही है। क्वाड, इंडो-पैसिफिक और तकनीक जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ा है। लेकिन ट्रंप का रुख अप्रत्याशित रहता है। उन्होंने पहले भी सहयोगी देशों पर टैरिफ थोपे हैं। इसीलिए नई दिल्ली में सतर्कता बरती जा रही है। व्यापार मोर्चे पर भी तनाव है। अमेरिका भारत को मिलने वाले GSP दर्जे को खत्म कर चुका है। हार्ले-डेविडसन बाइक और मेडिकल डिवाइस पर टैरिफ को लेकर विवाद चल रहा है। अब 100 फीसदी टैरिफ की तलवार लटकी है। अगर ऐसा हुआ तो भारतीय निर्यातकों को भारी नुकसान होगा। स्टील, एल्युमिनियम, कपड़ा और कृषि उत्पाद प्रभावित होंगे। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने हाल ही में कहा था कि भारत बहुध्रुवीय दुनिया में अपने विकल्प खुले रखेगा। हम अमेरिका के साथ मिलकर काम करेंगे, लेकिन अपनी शर्तों पर। रूस के साथ संबंध बनाए रखना हमारी रणनीतिक मजबूरी है। चीन से लगी सीमा पर तनाव के बीच रूस संतुलन का काम करता है। अगले कुछ हफ्ते अहम होंगे। अमेरिकी कांग्रेस और प्रशासन के बीच बातचीत चल रही है। भारत राजनयिक चैनलों से अपना पक्ष रख रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ट्रंप के निजी संबंध अच्छे हैं। उम्मीद है कि कोई बीच का रास्ता निकलेगा। लेकिन अनिश्चितता बनी हुई है। समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत
समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत

संबंधित