लाइव
टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।
champaran

पश्चिम चंपारण के एमजेके कॉलेज में नकल पर सातवीं कार्रवाई, दो दिन में सात छात्र पकड़े गए

8/9/2026, 8:14:00 am
पश्चिम चंपारण के एमजेके कॉलेज में नकल पर सातवीं कार्रवाई, दो दिन में सात छात्र पकड़े गए
पश्चिम चंपारण जिले के एमजेके कॉलेज में नकल रोकने के लिए चल रही मुहिम ने लगातार सातवें दिन भी असर दिखाया जब अधिकारियों ने दो दिनों में सात छात्रों को नकल करते पकड़ा। पहले दिन परीक्षा हॉल में पांच छात्रों को नकल की कोशिश करते हुए रंगे हाथ पकड़ा गया। दूसरे दिन दो और छात्र इसी तरह नकल करते पकड़े गए जिससे कुल सात मामले दर्ज हुए। कॉलेज प्राचार्य डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि नकल रोकने के लिए सीसीटीवी कैमरे, बायोमेट्रिक पहचान और अतिरिक्त निरीक्षक तैनात किए गए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी सुशील सिंह ने कहा कि यह सातवीं बार है जब कॉलेज में नकल विरोधी अभियान सफल रहा और प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई की घोषणा की। पिछले वर्ष भी इसी कॉलेज में तीन बार नकल के मामले सामने आए थे और हर बार दोषी छात्रों को निलंबित किया गया था। वर्तमान अभियान में कॉलेज ने परीक्षा केंद्रों पर मोबाइल फोन जमा कराने की व्यवस्था भी शुरू की है ताकि कोई भी अनुचित साधन न ले जा सके। छात्र संघ के अध्यक्ष अमित कुमार ने अभियान का स्वागत किया लेकिन कहा कि परीक्षा के दबाव को कम करने के लिए काउंसलिंग सत्र भी आयोजित किए जाने चाहिए। कॉलेज प्रशासन ने घोषणा की कि आगे भी सख्त निगरानी जारी रहेगी, नकल करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली बनाए रखी जाएगी। इस कदम से परीक्षा की निष्पक्षता बनी रहेगी और योग्य छात्रों को उचित परिणाम मिल सकेगा। बिहार विद्यालय परीक्षा बोर्ड ने भी इस अभियान की सराहना की और कहा कि ऐसे कदम दूसरे कॉलेजों के लिए भी उदाहरण बनेंगे। पुलिस ने भी कॉलेज परिसर में गश्त बढ़ा दी है ताकि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि पर तुरंत रोक लगाई जा सके। स्थानीय अभिभावकों ने भी इस पहल का समर्थन किया और मांग की कि नकल रोकने के लिए तकनीकी उपायों को और मजबूत किया जाए। कॉलेज के परीक्षा नियंत्रक डॉ. मीना शर्मा ने बताया कि अगले सत्र से ऑनलाइन निगरानी सॉफ्टवेयर भी लगाया जाएगा जिससे नकल की संभावना लगभग शून्य हो जाएगी। इस प्रकार पश्चिम चंपारण में शिक्षा व्यवस्था की शुचिता बनाए रखने के लिए प्रशासन, कॉलेज और समाज मिलकर काम कर रहे हैं। समाचार स्रोत: Google News — Champaran (Hindi)
समाचार स्रोत: Google News — Champaran (Hindi)

संबंधित