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भारत को 76 लाख नर्सों और 19 लाख डॉक्टरों की सख्त जरूरत, अमेरिका-चीन से काफी पीछे

26/8/2026, 1:16:25 am
भारत को 76 लाख नर्सों और 19 लाख डॉक्टरों की सख्त जरूरत, अमेरिका-चीन से काफी पीछे
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भारत की स्वास्थ्य व्यवस्था के सामने डॉक्टरों और नर्सों की भारी कमी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक देश को फिलहाल 76 लाख नर्सों और 19 लाख डॉक्टरों की तत्काल जरूरत है। अभी प्रति 10 हजार आबादी पर केवल 10.5 डॉक्टर उपलब्ध हैं, जबकि विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) का मानक प्रति 10 हजार पर कम से कम 23 डॉक्टरों का है। नर्सों की स्थिति और भी चिंताजनक है। भारत में प्रति 10 हजार लोगों पर महज 17 नर्सें हैं, जबकि डब्ल्यूएचओ के अनुसार यह संख्या 40 होनी चाहिए। इस अंतर को पाटने के लिए ही 76 लाख अतिरिक्त नर्सों की आवश्यकता बताई गई है। अमेरिका और चीन जैसे देश इस मामले में भारत से कोसों आगे हैं। अमेरिका में प्रति 10 हजार आबादी पर 26 डॉक्टर और 117 नर्सें हैं, वहीं चीन में यह अनुपात क्रमशः 18 डॉक्टर और 27 नर्सों का है। भारत इन दोनों देशों के मुकाबले स्वास्थ्यकर्मियों की उपलब्धता में काफी पीछे है। विशेषज्ञों का मानना है कि केवल मेडिकल कॉलेज बढ़ाने से बात नहीं बनेगी। ग्रामीण इलाकों में डॉक्टरों को रोकने के लिए प्रोत्साहन, बेहतर वेतनमान और कार्य परिस्थितियों में सुधार जरूरी है। नर्सिंग शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने और प्रशिक्षण संस्थानों का विस्तार भी उतना ही अहम है। सरकार ने हाल के वर्षों में मेडिकल सीटें बढ़ाई हैं और नए एम्स खोले हैं, लेकिन जानकार कहते हैं कि जमीन पर असर दिखने में वक्त लगेगा। तब तक टेलीमेडिसिन, सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं और तकनीक का सहारा लेकर अंतर को कुछ हद तक कम किया जा सकता है। समाचार स्रोत: अमर उजाला — विश्व
समाचार स्रोत: अमर उजाला — विश्व

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