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गुजरात में बच्ची की मौत के बाद 137 रेस्तरां बंद, खाद्य सुरक्षा पर सवाल

20/8/2026, 6:21:37 am
गुजरात में बच्ची की मौत के बाद 137 रेस्तरां बंद, खाद्य सुरक्षा पर सवाल
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गुजरात के अहमदाबाद में एक पांच साल की बच्ची की अचानक मौत के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग ने त्वरित कार्रवाई की। बच्ची ने एक लोकप्रिय रेस्तरां में लंच किया था और कुछ घंटे बाद उसे उल्टी, दस्त और तेज बुखार हुआ। अस्पताल में डॉक्टरों ने गंभीर फूड पॉइजनिंग की पुष्टि की लेकिन इलाज के दौरान उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। घटना की खबर मिलते ही जिला प्रशासन ने पूरे शहर के रेस्तरां और खाने‑पीने की दुकानों की जांच शुरू की। जांच टीमों ने 137 प्रतिष्ठानों में स्वच्छता के मानक नहीं पूरे पाए, कई रसोई में गंदे बर्तनों के साथ एक्सपायर्ड सामान रखा मिला और कुछ जगहों पर लाइसेंस भी नहीं था। अधिकारियों ने कहा कि इन lieux में खाना बनाते समय podstaw hygiene का पालन नहीं किया जा रहा था, जिससे ग्राहकों के स्वास्थ्य को खतरा पैदा हो रहा था। इसीलिए नगर निगम ने इन सभी रेस्तरां के लाइसेंस तुरंत रद्द कर दिए और उन्हें बंद करने का आदेश जारी किया। स्थानीय निवासी इस कार्रवाई को देर से आए कदम मान रहे हैं और मांग कर रहे हैं कि नियमित निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए और दोषी मालिकों पर सख्त जुर्माना लगाया जाए। खाद्य सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि जबकि राज्य में नियम मौजूद हैं, उनकी ground level पर लागू करने में लापरवाही बरती जाती है। सरकार ने अब एक विशेष टास्क फोर्स गठित की है जो हर महीने कम से कम 200 रेस्तरां की जाँच करेगी और उसके परिणाम ऑनलाइन प्रकाशित करेगी। पिछले तीन सालों में गुजरात में फूड पॉइजनिंग के 40 से अधिक मामले दर्ज हुए हैं लेकिन कार्रवाई कम रही। उपभोक्ता संस्थाओं ने सुझाव दिया है कि हर खाने‑पीने के स्थान को खाद्य सुरक्षा प्रमाणपत्र प्रदर्शित करना अनिवार्य किया जाए और ग्राहक इसे देख सकें। नगर निगम ने साथ ही एक मोबाइल एप्लिकेशन लॉन्च किया है जिससे नागरिक सीधे गंदगी, अवैध रसोई या लापता लाइसेंस की शिकायत कर सकते हैं। पहले हफ्ते में इस ऐप पर 2,000 से अधिक शिकायतें आईं, जिससे कई संदिग्ध प्रतिष्ठानों की पहचान हो सकी। अधिकारी बताते हैं कि आने वाले छह महीनों में कुल 500 से ज्यादा रेस्तरां की जाँच की योजना है। इस घटना ने फिर से याद दिलाया कि खाने‑पीने की जगहों पर सतत निगरानी और कड़े मानक अनिवार्य हैं। समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत
समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत

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