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इमरान खान की सेहत पर विवाद: क्रिकेट से निकलकर अंतरराष्ट्रीय दबाव तक

30/8/2026, 6:01:10 am
इमरान खान की सेहत पर विवाद: क्रिकेट से निकलकर अंतरराष्ट्रीय दबाव तक
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पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पूर्व क्रिकेट कप्तान इमरान खान की सेहत को लेकर चल रहा विवाद अब केवल खेल जगत तक सीमित नहीं रहा। पिछले कुछ हफ्तों से मीडिया, सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में उनकी तबीयत के बारे में विरोधाभासी दावे सामने आ रहे हैं। कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया है कि इमरान खान को गंभीर हृदय रोग और किडनी की समस्या है, जबकि उनके निकट सहयोगी और पार्टी के प्रवक्ता दावा करते हैं कि वे पूरी तरह स्वस्थ हैं और नियमित जांच करा रहे हैं। इस विरोधाभास ने आम लोगों के साथ‑साथ अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षकों का ध्यान खींचा है। क्रिकेट बिरादरी ने भी प्रतिक्रिया दी है। पूर्व साथी खिलाड़ियों जैसे वसीम अकरम और शोएब अख्तर ने सार्वजनिक बयान जारी कर पारदर्शिता की मांग की है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ICC ने कहा है कि वह स्थिति पर नजर रखे हुए है और आवश्यकता पड़ने पर हस्तक्षेप कर सकती है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई सरकारों और मानवाधिकार संगठनों ने पाकिस्तान से स्पष्ट जानकारी मांगी है। यूरोपीय संघ के विदेश मामलों के प्रमुख ने बयान जारी कर कहा कि राजनीतिक बंदियों की स्वास्थ्य स्थिति सार्वजनिक होनी चाहिए। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त ने भी पाकिस्तान सरकार से अनुरोध किया है कि वह इमरान खान की चिकित्सा रिपोर्ट साझा करे। पाकिस्तान सरकार ने जवाब में कहा है कि इमरान खान की चिकित्सा स्थिति निजी मामला है और किसी बाहरी दबाव में नहीं आएगी। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के कार्यालय ने मीडिया से अफवाह न फैलाने की अपील की और कहा कि आवश्यकता पड़ने पर आधिकारिक बयान जारी किया जाएगा। विशेषज्ञ मानते हैं कि यह विवाद पाकिस्तान की आंतरिक राजनीति और उसकी अंतरराष्ट्रीय छवि दोनों पर असर डाल सकता है। यदि स्थिति जल्द स्पष्ट नहीं हुई तो विदेशी निवेशकों और सहयोगी देशों का विश्वास घट सकता है। कुछ विश्लेषकों का कहना है कि यह मामला पाकिस्तान में लोकतांत्रिक संस्थाओं की परिपक्वता की परीक्षा भी है। फिलहाल स्थिति अनिश्चित बनी हुई है और सभी पक्ष अपनी‑अपनी बात पर कायम हैं। आने वाले दिनों में अदालत, चिकित्सा बोर्ड या सरकार की ओर से कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण आने की उम्मीद है। तब तक मीडिया और जनता दोनों ही सतर्कता से घटनाक्रम पर नजर रखेंगे। समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया
समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया

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