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लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने TMC के 20 बागी सांसदों को राहत, 22 सितंबर तक जवाब मांगा

3/9/2026, 8:44:04 pm
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने TMC के 20 बागी सांसदों को राहत, 22 सितंबर तक जवाब मांगा
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लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने तृणमूल कांग्रेस के बागी 20 सांसदों और नेशनलिस्ट सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) के सांसदों को बड़ी राहत दी है। अध्यक्ष ने इन सांसदों को 22 सितंबर तक अपना लिखित जवाब दाखिल करने का समय दिया है। यह फैसला तब आया जब संसद की कार्यवाही में इन सांसदों की सदस्यता पर सवाल उठाए गए थे। बागी सांसदों ने पार्टी लाइन से अलग जाकर कुछ विधेयकों पर मतदान किया था, जिसके बाद पार्टी ने उन्हें निष्कासित करने की मांग की थी। ओम बिरला ने कहा कि संसदीय नियमों के तहत हर सदस्य को अपना पक्ष रखने का अधिकार है और जल्दबाजी में कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। इस निर्णय से विपक्षी दलों ने संतोष व्यक्त किया है, जबकि तृणमूल कांग्रेस ने कहा कि वह अपने आंतरिक अनुशासन को बनाए रखेगी। संसद के अगले सत्र में इन सांसदों के जवाब पर चर्चा होगी और फिर अंतिम फैसला लिया जाएगा। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मामला पार्टी अनुशासन और संसदीय विशेषाधिकार के बीच संतुलन का उदाहरण बनेगा। साथ ही, एनसीपीआई के सांसदों ने भी कहा कि वे अपने मत का पालन करते रहेंगे और किसी दबाव में नहीं आएंगे। अब सभी की नजर 22 सितंबर की समय सीमा पर टिकी है, जब सांसद अपना जवाब प्रस्तुत करेंगे। लोकसभा के नियम 101 के तहत किसी सदस्य की सदस्यता रद्द करने से पहले उसे अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर दिया जाता है। तृणमूल कांग्रेस ने इन बागी सांसदों के खिलाफ पार्टी अनुशासन समिति में शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन अध्यक्ष ने मामले को संसदीय प्रक्रिया के दायरे में रखने का निर्णय लिया। एनसीपीआई के सांसद पश्चिम बंगाल के विभिन्न निर्वाचन क्षेत्रों से चुने गए हैं और उन्होंने दावा किया कि वे जनता की आवाज को संसद में उठा रहे हैं। विपक्षी दलों ने इस फैसले को संसदीय मर्यादा की जीत बताया और कहा कि अध्यक्ष ने निष्पक्षता का परिचय दिया है। आगामी शीतकालीन सत्र में इन सांसदों के जवाब पर विस्तृत चर्चा होगी, जिसके बाद लोकसभा अध्यक्ष अंतिम निर्णय लेंगे। संसदीय विशेषज्ञ मानते हैं कि यह मामला भविष्य में पार्टी अनुशासन और सदस्य अधिकारों के संतुलन के लिए मार्गदर्शक बनेगा। समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत
समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत

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