विश्व
यूपीआई लेनदेन पर शुल्क: मोदी सरकार ने क्यों लगाया चार्ज?
17/9/2026, 11:46:33 am

Original publisher image
भारत सरकार ने मार्च 2026 में आई यूनाइटेड स्टेट्स ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव (यूएसटीआर) की रिपोर्ट के बाद यूपीआई भुगतान पर शुल्क लगाने का फैसला किया।
रिपोर्ट में कहा गया था कि मुफ़्त डिजिटल भुगतान नीति अमेरिकी कंपनियों के लिए व्यापारिक बाधा बन रही है।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने घोषणा की कि अब प्रत्येक यूपीआई लेनदेन पर एक छोटा शुल्क वसूला जाएगा, ताकि बैंकों और भुगतान सेवा प्रदाताओं की लागत पूरी हो सके।
सरकार का तर्क है कि शुल्क अंतरराष्ट्रीय व्यापार नियमों के अनुरूप होगा और डिजिटल भुगतान ढांचे को टिकाऊ बनाएगा।
छोटे व्यापारियों और आम उपभोक्ताओं ने चिंता जताई कि अतिरिक्त खर्च डिजिटल भुगतान को कम आकर्षक बना देगा।
भारतीय रिजर्व बैंक ने शुल्क की दर और लागू होने की तारीख तय करने के लिए एक समिति गठित की है, जिसकी रिपोर्ट अगले महीने आने की उम्मीद है।
तब तक मौजूदा मुफ़्त यूपीआई सेवाएं जारी रहेंगी और किसी भी लेनदेन पर कोई चार्ज नहीं लगेगा।
विपक्षी दलों ने इसे जनविरोधी कदम बताया और संसद में बहस की मांग की, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि शुल्क न्यूनतम होगा और गरीब तबके पर असर नहीं पड़ेगा।
उद्योग विशेषज्ञ मानते हैं कि शुल्क से डिजिटल भुगतान पारिस्थितिकी तंत्र में स्थिरता आएगी, लेकिन उपभोक्ता विश्वास बनाए रखने के लिए पारदर्शिता जरूरी है।
यूपीआई ने पिछले पांच वर्षों में लेनदेन की संख्या में कई गुना वृद्धि दर्ज की है और अब यह देश का सबसे बड़ा खुदरा भुगतान प्लेटफॉर्म बन चुका है।
2023 में यूपीआई के माध्यम से लगभग 12 लाख करोड़ रुपये का लेनदेन हुआ, जो डिजिटल अर्थव्यवस्था की रीढ़ बन गया है।
मुफ़्त नीति ने छोटे दुकानदारों और ग्रामीण उपयोगकर्ताओं को डिजिटल भुगतान अपनाने में मदद की, लेकिन बैंकों को इंफ्रास्ट्रक्चर लागत वहन करनी पड़ रही थी।
यूएसटीआर की रिपोर्ट ने इस असंतुलन को उजागर किया और अमेरिकी फिनटेक कंपनियों को भारतीय बाजार में प्रवेश करने में कठिनाई बताई।
सरकार अब शुल्क ढांचे को इस तरह डिजाइन कर रही है कि बड़े मर्चेंट पर अधिक भार पड़े, जबकि छोटे लेनदेन पर न्यूनतम या शून्य शुल्क रहे।
इसके लिए आरबीआई की समिति विभिन्न हितधारकों से सुझाव ले रही है और जनसुनवाई भी आयोजित करेगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि पारदर्शी शुल्क नीति से निवेशकों का भरोसा बढ़ेगा और यूपीआई का विस्तार जारी रहेगा।
समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया
समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया
संबंधित
विश्वहोर्मुज में ईरान का बड़ा एक्शन: टोगो का तेल टैंकर जब्त, इलाके में तनाव बढ़ा
18/9/2026, 2:00:02 am
विश्वट्रंप ने ईरान को दिया कड़ा संदेश: ‘अच्छा समझौता या कोई नहीं’
18/9/2026, 1:57:37 am
विश्वबिहार के 1400 स्कूल डूबे, बच्चे कैसे पढ़ रहे हैं?
18/9/2026, 1:33:41 am
विश्वनाइजीरिया में हिरासत में मौतों पर हंगामा, युद्ध अपराध के आरोपों में घिरे अमेरिका-ईरान
18/9/2026, 1:22:23 am
विश्वमिशिगन में ट्रेनिंग के दौरान एफ-16 क्रैश, पायलट सुरक्षित
18/9/2026, 12:59:22 am
विश्वसंयुक्त राष्ट्र में ईरान प्रतिबंधों पर टकराव, रूस-चीन ने अमेरिकी प्रस्ताव रोका
18/9/2026, 12:05:26 am
