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चिदंबरम ने CBI‑ED को ‘पिटबुल’ कहा; अल नीनो फरवरी 2027 तक रहेगा असर

4/9/2026, 11:52:02 pm
चिदंबरम ने CBI‑ED को ‘पिटबुल’ कहा; अल नीनो फरवरी 2027 तक रहेगा असर
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पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने सीबीआई और ईडी की कार्यशैली पर तीखी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि ये एजेंसियाँ कभी तोते की तरह बोलती हैं तो कभी पिटबुल की तरह काटती हैं। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में चिदंबरम ने आरोप लगाया कि जांच एजेंसियाँ राजनीतिक दबाव में फैसले बदल देती हैं। उन्होंने कई चर्चित मामलों का हवाला देकर बताया कि जांच की दिशा अचानक बदल जाती है और विपक्षी नेताओं को निशाना बनाया जाता है। विपक्ष ने इस बयान को सरकार पर सीधा हमला बताया, जबकि भाजपा ने पलटवार करते हुए कहा कि चिदंबरम खुद भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरे हुए हैं। संसद में भी दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस देखी गई। दूसरी ओर, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अल नीनो की स्थिति पर नया अपडेट जारी किया। वैज्ञानिकों का कहना है कि अल नीनो का असर फरवरी 2027 तक बना रहेगा। इसका सीधा असर मानसून और खेती पर पड़ेगा। उत्तर भारत में बारिश कम होने की आशंका है, जबकि दक्षिणी राज्यों में सामान्य से अधिक वर्षा हो सकती है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे सिंचाई की योजना पहले से तैयार रखें और फसल चक्र में लचीलापन लाएँ। केंद्र सरकार ने भी राहत पैकेज की तैयारी शुरू कर दी है ताकि खाद्य सुरक्षा पर दबाव कम हो। विशेषज्ञ मानते हैं कि अल नीनो के लंबे चलने से निर्यात‑आयात नीति में बदलाव की जरूरत होगी और बाजार में कीमतों में उतार‑चढ़ाव बना रहेगा। दोनों मुद्दे एक साथ सामने आए हैं, जिससे राजनीतिक और आर्थिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। आगे देखना होगा कि जांच एजेंसियों की भूमिका कैसे तय होती है और मौसम की चुनौती से निपटने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं। समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत
समाचार स्रोत: अमर उजाला — भारत

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