लाइव
टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।टाइम्स न्यूज़ नाउ में आपका स्वागत है — सिर्फ सच।ऑटो-पब्लिशिंग इंजन तैयार है। एडमिन → ऑटोमैटिक से कॉन्फ़िगर करें।
विश्व

कैलाश मानसरोवर यात्रा पर संकट: तिब्बत-नेपाल सीमा पर बाढ़ से 261 लापता, 49 भारतीय शामिल

30/8/2026, 3:08:44 am
कैलाश मानसरोवर यात्रा पर संकट: तिब्बत-नेपाल सीमा पर बाढ़ से 261 लापता, 49 भारतीय शामिल
Original publisher image
तिब्बत-नेपाल सीमा पर शुक्रवार तड़के ग्लेशियर झील फटने से आई अचानक बाढ़ ने कैलाश मानसरोवर यात्रा के मार्ग को तबाह कर दिया। नेपाल के हुमला जिले में कर्णाली नदी की सहायक नदियों में पानी का तेज बहाव कई पुल, सड़कें और अस्थायी शिविर बहा ले गया। इस आपदा में 261 विदेशी नागरिक लापता बताए जा रहे हैं, जिनमें 49 भारतीय श्रद्धालु भी शामिल हैं। लापता लोगों में ज्यादातर तीर्थयात्री और कुछ स्थानीय गाइड हैं। भारतीय विदेश मंत्रालय ने शनिवार को बयान जारी कर कहा कि वह नेपाल और चीन के अधिकारियों के लगातार संपर्क में है। मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि लापता भारतीयों की सुरक्षा और तलाशी के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। नेपाल में भारतीय दूतावास ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं और एक विशेष टीम को प्रभावित इलाके में भेजा है। नेपाल सेना, सशस्त्र पुलिस बल और स्थानीय प्रशासन मिलकर बचाव अभियान चला रहे हैं, लेकिन खराब मौसम और दुर्गम पहाड़ी रास्तों के कारण काम धीमा है। कैलाश मानसरोवर यात्रा का पारंपरिक मार्ग इसी इलाके से गुजरता है। हर साल हजारों भारतीय श्रद्धालु इस रास्ते से यात्रा करते हैं। इस बार भी सैकड़ों यात्री विभिन्न जत्थों में वहां मौजूद थे। उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले से लगी सीमा पर भी प्रशासन अलर्ट पर है। जिलाधिकारी ने सीमावर्ती गांवों के लोगों को नदी किनारे न जाने की सलाह दी है। विदेश मंत्रालय ने यात्रा संचालकों से भी संपर्क साधा है ताकि सभी भारतीय यात्रियों की सही संख्या पता चल सके। चीन ने भी अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाए हैं और नेपाल के साथ संयुक्त बचाव दल भेजने पर सहमति जताई है। समाचार स्रोत: अमर उजाला — विश्व
समाचार स्रोत: अमर उजाला — विश्व

संबंधित