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नेपाल-तिब्बत सीमा पर भूस्खलन और बाढ़ से भारी तबाही, सैकड़ों लापता

27/8/2026, 3:00:53 am
नेपाल-तिब्बत सीमा पर भूस्खलन और बाढ़ से भारी तबाही, सैकड़ों लापता
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नेपाल-तिब्बत सीमा पर भारी भूस्खलन और अचानक आई बाढ़ ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है। स्थानीय प्रशासन के मुताबिक अब तक सैकड़ों लोग मारे गए हैं या लापता हैं। अधिकारी चेतावनी दे रहे हैं कि मृतकों की संख्या और बढ़ सकती है। घटना शनिवार देर रात शुरू हुई जब भारी बारिश के बाद पहाड़ी ढलान ढह गए। मलबा नदियों में गिरा और पानी का स्तर तेजी से बढ़ा। कई गांव पूरी तरह डूब गए और सड़कें टूट गईं। बचाव दल हेलीकॉप्टर और नावों से लोगों को निकाल रहे हैं। नेपाल की सेना, पुलिस और स्वयंसेवी संगठन मिलकर काम कर रहे हैं। तिब्बत की तरफ से भी चीनी बचाव दल पहुंचे हैं। संचार व्यवस्था ठप होने से दूरदराज के इलाकों की सही जानकारी नहीं मिल पा रही। बिजली और पानी की आपूर्ति भी बंद है। राहत सामग्री पहुंचाने में देरी हो रही है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इससे भूस्खलन का खतरा बना रहेगा। सरकार ने प्रभावित परिवारों के लिए अस्थायी शिविर लगाए हैं। अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों ने भी मदद की पेशकश की है। विश्व बैंक और लाल क्रॉस ने राहत कोष जारी किया है। नेपाल सरकार ने विदेशी सहायता स्वीकार की है। स्थानीय लोग अपने घरों और खेतों को खो चुके हैं। वे अब भोजन, दवा और साफ पानी के लिए संघर्ष कर रहे हैं। प्रशासन से जल्द पुनर्वास की मांग कर रहे हैं। इस आपदा ने हिमालयी क्षेत्र की भौगोलिक संवेदनशीलता को फिर से उजागर किया है। विशेषज्ञ कहते हैं कि जलवायु परिवर्तन और अनियोजित निर्माण ऐसे हादसों को बढ़ा रहे हैं। समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया
समाचार स्रोत: BBC हिंदी — दुनिया

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