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पराग्वे में गुआरानिया सप्ताह: भारतीय प्रवासियों का बढ़ता दबदबा, शास्त्रीय संगीत संग राखी की तैयारी

26/8/2026, 11:04:06 pm
पराग्वे में गुआरानिया सप्ताह: भारतीय प्रवासियों का बढ़ता दबदबा, शास्त्रीय संगीत संग राखी की तैयारी
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असुंसियन। पराग्वे की राजधानी में इन दिनों गुआरानिया सप्ताह की धूम है। इस वार्षिक सांस्कृतिक उत्सव में देश के पारंपरिक संगीत गुआरानिया का जश्न मनाया जाता है, लेकिन इस बार इसमें एक नया रंग जुड़ा है — भारतीय प्रवासियों की बढ़ती भागीदारी। भारतीय समुदाय के लोग यहां कारोबार, शिक्षा और चिकित्सा जैसे क्षेत्रों में तेजी से पैर जमा रहे हैं। गुआरानिया सप्ताह के मंच पर इस बार भारतीय शास्त्रीय संगीत की प्रस्तुतियां भी रखी गई हैं। सितार, तबला और बांसुरी की धुनें पराग्वे के पारंपरिक वाद्ययंत्रों के साथ मिलकर एक अनूठा संगम रच रही हैं। स्थानीय दर्शक इस फ्यूजन को खूब पसंद कर रहे हैं। उधर, रक्षाबंधन नजदीक है और भारतीय परिवारों में तैयारियां जोरों पर हैं। असुंसियन के बाजारों में रंग-बिरंगी राखियों, मिठाइयों और पारंपरिक परिधानों की मांग बढ़ गई है। कई स्थानीय दुकानदार भी इस त्योहार को भुनाने के लिए भारतीय उत्पाद रखने लगे हैं। भारतीय दूतावास और सामुदायिक संगठनों ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शृंखला आयोजित की है। इसमें योग सत्र, आयुर्वेद पर चर्चा और हिंदी भाषा की कार्यशालाएं शामिल हैं। पराग्वे के युवाओं में भारतीय संस्कृति के प्रति दिलचस्पी बढ़ रही है। कारोबारी मोर्चे पर भी भारतीय उद्यमी सक्रिय हैं। फार्मा, आईटी और कृषि-प्रसंस्करण जैसे क्षेत्रों में उन्होंने निवेश बढ़ाया है। पराग्वे सरकार भी कुशल भारतीय पेशेवरों को आकर्षित करने के लिए वीजा नियमों में ढील दे रही है। गुआरानिया सप्ताह अब केवल पराग्वे की सांस्कृतिक पहचान का उत्सव नहीं रह गया — यह दोनों देशों के बीच बढ़ते संबंधों का आईना भी बन चुका है। समाचार स्रोत: अमर उजाला — विश्व
समाचार स्रोत: अमर उजाला — विश्व

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